टेस्ला अपनी अब तक की सबसे सस्ती इलेक्ट्रिक कार Model 2 लॉन्च करने की तैयारी में है। अमेरिका की इस इलेक्ट्रिक कार निर्माता कंपनी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अमेरिका यात्रा के तुरंत बाद भारत में अपनी आने की योजनाओं को फिर से शुरू कर दिया। इस मुलाकात के बाद टेस्ला ने भारत में कई पदों के लिए भर्ती के विज्ञापन भी निकाले, जिससे कंपनी की भारत में एंट्री को लेकर अटकलें तेज हो गईं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह इलेक्ट्रिक कार करीब 21 लाख रुपये में लॉन्च हो सकती है, जो अब तक की सबसे सस्ती टेस्ला कार होगी।
भारत में Model 2 लॉन्च होने की संभावना
टेस्ला के भारत आने को लेकर कयास लगाए जा रहे हैं, और एक रिपोर्ट के अनुसार, कंपनी भारत के लिए एक किफायती इलेक्ट्रिक कार लाने की योजना बना रही है। पहले की रिपोर्ट्स के मुताबिक टेस्ला की सबसे सस्ती इलेक्ट्रिक कार के बर्लिन गीगाफैक्ट्री में बनाई जाने की बात सामने आ रही थी। हालांकि, तब से स्थितियां काफी बदल गई हैं।
मार्च 2024 में, भारत सरकार ने EV नीति में बदलाव किया ताकि विदेशी कंपनियां भारत में निवेश करें। 2025 के यूनियन बजट में भी सरकार ने ऐसे कदम उठाए, जिससे टेस्ला जैसी कंपनियों को आकर्षित किया जा सके।
हाल ही में, सरकार ने ईवी पर इंपोर्ट ड्यूटी 110 प्रतिशत से घटाकर 70 प्रतिशत कर दी, जिससे टेस्ला जैसी विदेशी कंपनियों के लिए भारत में व्यापार करना आसान हो सके। इसी के चलते अब ऐसा माना जा रहा है कि टेस्ला Model 2, जिसकी अनुमानित कीमत 25,000 डॉलर (करीब 21 लाख रुपये) होगी, जल्द ही भारत में लॉन्च हो सकती है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, 2025 की पहली छमाही में टेस्ला भारत में अपने इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री शुरू कर सकती है।
क्या टेस्ला 25,000 डॉलर ईवी प्रोजेक्ट फिर से शुरू करेगी?
कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार, टेस्ला Model 3 और Model Y जैसी कारों के साथ भारत में एंट्री कर सकती है। हालांकि, सवाल यह भी उठ रहा है कि कंपनी अपनी सबसे किफायती इलेक्ट्रिक कार लॉन्च करने की योजना पर दोबारा काम शुरू करेगी या नहीं। वर्तमान में, Model 3 की कीमत जर्मनी में लगभग 36 लाख रुपये है, और भारत में इसे इंपोर्ट करने पर इसकी कीमत और बढ़ जाएगी।
टेस्ला कई सालों से भारत में आने की योजना बना रही थी, लेकिन उच्च इंपोर्ट ड्यूटी इसकी सबसे बड़ी बाधा थी। 2024 में, सरकार ने EV नीति में बदलाव किया, जिसके तहत अगर कोई ऑटोमोबाइल कंपनी भारत में कम से कम 500 मिलियन डॉलर का निवेश करके स्थानीय मैन्युफैक्चरिंग प्लांट लगाती है, तो उसे 5 साल तक सिर्फ 15 प्रतिशत कस्टम ड्यूटी देनी होगी।
अगर टेस्ला इस नियम का पालन करती है, तो उसे Model 3, Model Y, Model X, Model S और Cybertruck जैसे अपने मौजूदा मॉडल को भारत में 15% कस्टम ड्यूटी के साथ लाने का फायदा मिल सकता है।
भारत में EV मार्केट और टेस्ला की संभावनाएं
भारत का इलेक्ट्रिक व्हीकल मार्केट लगभग 20 प्रतिशत की वार्षिक वृद्धि दर से बढ़ रहा है। हालांकि यह चीन की तुलना में अभी भी छोटा है, लेकिन टेस्ला के लिए यह एक बड़ी अवसर वाली मार्केट साबित हो सकती है, खासकर जब अमेरिका में कंपनी की बिक्री धीमी हो रही है।
भारत और अमेरिका 2025 तक आपसी व्यापार को 500 अरब डॉलर तक बढ़ाने की योजना बना रहे हैं। दोनों देशों के बीच औद्योगिक वस्तुओं के निर्यात को बढ़ावा देने की रणनीति के तहत, टेस्ला की भारत में एंट्री एक सही कदम हो सकता है।
Tesla Model 2: Model Y का ही नया वर्जन?
पहले जिसे Model 2 या Project Redwood कहा जा रहा था, वह अब Model Y का एक टोंड-डाउन वर्जन माना जा रहा है। CEO एलन मस्क पहले ही कई इन्वेस्टर कॉल में पुष्टि कर चुके हैं कि कंपनी 2025 तक एक नई, सस्ती इलेक्ट्रिक कार लॉन्च करेगी।
मस्क ने बताया कि यह Model Y का एक छोटा और किफायती वर्जन होगा। इसमें 54 kWh की बैटरी हो सकती है और यह 400 किलोमीटर की रेंज देने में सक्षम होगी।
Tesla Model 2 भारत में किसे देगा टक्कर?
अगर Tesla Model 2 भारत में लॉन्च होता है, तो इसका मुकाबला कुछ प्रमुख इलेक्ट्रिक कारों से होगा, जिनमें शामिल हैं:
Mahindra XEV 9e
Mahindra BE 6
BYD Atto 3
Tata Curvv EV
Hyundai Creta Electric
MG ZS EV
इन सबके बीच टेस्ला की सबसे किफायती इलेक्ट्रिक कार भारतीय ग्राहकों के लिए एक बड़ा आकर्षण हो सकती है।